गुरुग्राम को Stray Cattle Free बनाने के लिए नगर निगम ने अभियान को और तेज कर दिया है। इसे लेकर नगर निगम आयुक्त प्रदीप दहिया ने अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की और स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

बैठक में अधिकारियों ने बताया कि पिछले डेढ़ महीने में कुल 393 आवारा मवेशियों को पकड़ा गया है। इनमें
- 186 गाय
- 189 सांड और
- 9 बछड़े शामिल हैं।
सभी पकड़े गए मवेशियों को गोशालाओं और नंदी शालाओं में सुरक्षित रूप से भेजा गया है।
संयुक्त आयुक्त करेंगे अभियान का नेतृत्व
निगमायुक्त प्रदीप दहिया ने निर्देश दिए कि अभियान को निरंतर जारी रखा जाए और विशेष रूप से मुख्य सड़कों, व्यस्त चौराहों और आवासीय क्षेत्रों पर फोकस किया जाए, ताकि सड़क दुर्घटनाओं और ट्रैफिक जाम की समस्या को रोका जा सके।

अब इस अभियान की निगरानी और प्रत्यक्ष नेतृत्व संयुक्त आयुक्त स्तर के अधिकारी स्वयं करेंगे, जिससे कार्रवाई में तेजी लाई जा सके।
बाधा डालने वालों पर FIR के निर्देश
निगमायुक्त ने साफ कहा कि अभियान में किसी भी तरह की बाधा डालने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसे मामलों में संबंधित थानों में एफआईआर दर्ज कराई जाए, ताकि निगम के कार्य में भविष्य में कोई रुकावट न आए।
अभियान के दौरान टीमों के साथ पुलिस बल की तैनाती भी सुनिश्चित की जाएगी, जिससे कार्रवाई सुचारु रूप से हो सके।
सफाई व्यवस्था की भी हुई समीक्षा
बैठक में शहर की सफाई व्यवस्था की भी विस्तृत समीक्षा की गई। अधिकारियों ने बताया कि नगर निगम की टीमें नियमित रूप से सफाई कार्य कर रही हैं और कूड़ा व मलबा खुले में फेंकने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है।
92 लोगों पर ₹49,500 का जुर्माना
हाल ही में सहायक सफाई निरीक्षकों की टीम द्वारा
- 92 व्यक्तियों पर ₹49,500 का जुर्माना लगाया गया। वहीं, सेनिटेशन सिक्योरिटी फोर्स ने
- 2 व्यक्तियों पर ₹10,000 का जुर्माना
- और एक वाहन जब्त किया।
निगमायुक्त का स्पष्ट संदेश
निगमायुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि स्वच्छ, सुरक्षित और व्यवस्थित गुरुग्राम नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
उन्होंने दो टूक कहा कि आवारा पशुओं और गंदगी फैलाने वालों के प्रति किसी भी प्रकार की ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
बैठक में अतिरिक्त निगमायुक्त अंकिता चौधरी, यश जालुका, रविंद्र यादव, संयुक्त आयुक्त डॉ. प्रीतपाल सिंह, डॉ. नरेश कुमार, विशाल कुमार, डॉ. जयवीर यादव, रविंद्र मलिक सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
