हीरो होंडा चौक फ्लाईओवर का टूटा हुआ लेंटर अब तक जस का तस पड़ा हुआ है। जनवरी 2025 में हुए इस हादसे के बाद जयपुर से दिल्ली की ओर जाने वाली फास्ट लेन को बंद कर दिया गया था, लेकिन मरम्मत का कोई काम शुरू नहीं हुआ। सड़क पर रोज़ाना गुजरने वाले लोग असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।

कांग्रेस के जिला अध्यक्ष (शहरी) पंकज डावर ने कहा, “यह केवल लापरवाही नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार की साफ-साफ मिसाल है। एनएच-48 पर हीरो होंडा चौक पहले जलभराव के लिए बदनाम था, अब यह फ्लाईओवर बार-बार टूटने के लिए कुख्यात हो गया है।”
डावर ने आरोप लगाया कि फ्लाईओवर निर्माण में भ्रष्टाचार हुआ, लेकिन अब तक किसी अधिकारी या एजेंसी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने बताया कि यह फ्लाईओवर 2017 में लगभग 200 करोड़ रुपये की लागत से बना और जनता के लिए खोला गया। इसके बाद 2018, 2019, 2021, 2024 और 2025 में यह पांच बार क्षतिग्रस्त हो चुका है।
हर बार सिर्फ औपचारिक मरम्मत की गई, लेकिन गुणवत्ता जांच का कोई नतीजा जनता के सामने नहीं आया। जनवरी 2025 में फ्लाईओवर का करीब तीन फीट का हिस्सा गिर गया, जिसके बाद एक लेन को बंद कर दिया गया। अब ड्रमों में घास उग आई है और टूटे हिस्से से नीचे की सड़क साफ नजर आती है, जो किसी भी समय बड़ा हादसा होने का खतरा पैदा कर सकती है।
डावर ने सवाल उठाया कि क्या जनता के टैक्स के पैसों से बनने वाले विकास कार्य सिर्फ भ्रष्टाचार का माध्यम बन गए हैं। उन्होंने कहा, “एनएचएआई और सरकार की सड़क सुरक्षा समितियां केवल बैठक तक सीमित हैं, जबकि जनता रोज़ाना असुरक्षित फ्लाईओवर पर सफर कर रही है।”
फ्लाईओवर के उद्घाटन के समय सांसद और केंद्रीय मंत्री ने इसका जमकर प्रचार किया था, लेकिन अब वही फ्लाईओवर खतरा बन गया है। डावर ने कहा कि सात साल में पांच बार टूटने वाला फ्लाईओवर प्रशासन की विफलता ही नहीं, बल्कि जनता के साथ विश्वासघात है।
