ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो परियोजना को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। मेट्रो निर्माण के दौरान अब चार प्रस्तावित अंडरपास नहीं बनाए जाएंगे। इस निर्णय पर मंगलवार को गुरुग्राम मेट्रो रेल लिमिटेड (GMRL) की बोर्ड बैठक में अंतिम मुहर लग गई।

अब जीएमआरएल की ओर से केवल बख्तावर चौक और कृष्णा चौक पर ही अंडरपास का निर्माण कराया जाएगा, जबकि बाकी चार अंडरपास फिलहाल मेट्रो परियोजना से बाहर रहेंगे।
छह में से सिर्फ दो अंडरपास होंगे शामिल
ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो रूट में कुल छह अंडरपास प्रस्तावित थे, जिनमें
- बख्तावर चौक
- रेलवे रोड
- सेक्टर-5 से शीतला माता रोड
- कृष्णा चौक
- रेजांगला चौक
- सुशील ऐमा मार्ग से ओल्ड दिल्ली रोड
शामिल हैं।
लेकिन अब रेलवे रोड, सेक्टर-5 से शीतला माता रोड, रेजांगला चौक और सुशील ऐमा मार्ग से ओल्ड दिल्ली रोड पर अंडरपास का निर्माण मेट्रो के साथ नहीं किया जाएगा।
बोर्ड बैठक में लिया गया फैसला
मंगलवार को जीएमआरएल की अध्यक्ष डी. तारा की अध्यक्षता में हुई बैठक में यह निर्णय लिया गया। बैठक में जीएमआरएल के प्रबंध निदेशक डॉ. चंद्रशेखर खरे, एचएमआरटीसी, जीएमडीए और एचएसवीपी के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक में बताया गया कि ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो परियोजना को दो चरणों में पूरा किया जा रहा है।
पहले चरण में क्या होगा
पहले चरण में मिलेनियम सिटी सेंटर से सेक्टर-9 तक मेट्रो निर्माण का टेंडर पहले ही आवंटित हो चुका है।
इस चरण में केवल बख्तावर चौक अंडरपास को शामिल किया गया है।
निरीक्षण के बाद बदली योजना
17 नवंबर को जीएमआरएल और जीएमडीए के अधिकारियों ने संयुक्त रूप से मेट्रो रूट का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि चार अंडरपास सीधे मेट्रो रूट के बीच में नहीं आ रहे हैं।
अधिकारियों का कहना है कि यदि सभी अंडरपास का निर्माण मेट्रो के साथ किया जाता, तो:
- शहर में भारी यातायात अव्यवस्था होती
- मेट्रो परियोजना तय समय पर पूरी नहीं हो पाती
इसी को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया।
जीएमडीए वहन करेगा खर्च
निर्णय के अनुसार बख्तावर चौक और कृष्णा चौक अंडरपास का निर्माण जीएमडीए के खर्चे पर किया जाएगा, जबकि निर्माण कार्य जीएमआरएल द्वारा कराया जाएगा।
नमो भारत स्टेशन का नया डिजाइन तैयार
दिल्ली के सराय रोहिल्ला से गुरुग्राम होते हुए बावल तक प्रस्तावित नमो भारत ट्रेन परियोजना के तहत डीएलएफ साइबर सिटी में एक स्टेशन प्रस्तावित है।
पहले इस स्टेशन का एचएसआईआईडीसी ने विरोध किया था, जिसके बाद एनसीआरटीसी अब इसका नया डिजाइन तैयार कर रही है।
नए डिजाइन के तहत:
- स्टेशन शंकर चौक पर ही बनेगा
- लेकिन प्रवेश और निकासी द्वार दूर बनाए जाएंगे
- इससे शंकर चौक पर ट्रैफिक जाम की समस्या नहीं होगी
अगले महीने हरियाणा मास रैपिड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन की बैठक में इस डिजाइन को मंजूरी के लिए रखा जाएगा। डिजाइन फाइनल होते ही ओल्ड गुरुग्राम मेट्रो के दूसरे चरण का टेंडर जारी कर दिया जाएगा।
