साइबर सिटी के सबसे व्यस्त और जामग्रस्त चौराहों में शुमार राजीव चौक पर यातायात समस्या से निजात दिलाने के लिए गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) ने सक्रियता बढ़ा दी है। रोजाना करीब एक लाख वाहनों का दबाव झेल रहे इस चौराहे पर ट्रैफिक को सुचारु बनाने के उद्देश्य से जल्द ही एक उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की जाएगी।

जीएमडीए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी पीसी मीणा की अध्यक्षता में होने वाली इस बैठक में बीएसएनएल और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहेंगे। बैठक में गुरुग्राम-सोहना हाईवे से दिल्ली-जयपुर हाईवे की ओर जाने वाले वाहनों के लिए स्लिप रोड के निर्माण प्रस्ताव पर चर्चा की जाएगी।
दिल्ली-जयपुर हाईवे पर स्थित राजीव चौक एक ओर गुरुग्राम-सोहना हाईवे और दूसरी ओर ओल्ड रेलवे रोड से जुड़ा हुआ है। एनएचएआई द्वारा यहां अंडरपास का निर्माण किया गया है, लेकिन वाहनों की अत्यधिक संख्या के कारण सुबह और शाम के पीक आवर्स में वाहन चालकों को आठ से दस मिनट तक सिग्नल पर रुकना पड़ता है।
सबसे बड़ी समस्या यह है कि फिलहाल गुरुग्राम-सोहना हाईवे से जयपुर की दिशा में सीधे जाने के लिए कोई स्लिप रोड उपलब्ध नहीं है। इससे ट्रैफिक सिग्नल पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है और जाम की स्थिति बनती है। जीएमडीए अधिकारियों का मानना है कि यदि इस दिशा में स्लिप रोड का निर्माण हो जाता है तो बड़ी संख्या में वाहन बिना रुके जयपुर की ओर निकल सकेंगे, जिससे राजीव चौक पर जाम की समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी।
हालांकि प्रस्तावित स्लिप रोड के रास्ते में बीएसएनएल की जमीन आ रही है, जहां कार्यालय के साथ-साथ अधिकारियों और कर्मचारियों की रिहायशी कॉलोनी स्थित है। इसको लेकर जीएमडीए और एनएचएआई ने बीएसएनएल से सहयोग मांगा है। आगामी बैठक में इस विषय पर सहमति बनने की उम्मीद जताई जा रही है।
यदि स्लिप रोड निर्माण को मंजूरी मिलती है, तो राजीव चौक से गुजरने वाले हजारों वाहन चालकों को बड़ी राहत मिल सकती है और गुरुग्राम के ट्रैफिक दबाव में भी कमी आएगी।
