हरियाणा रोडवेज के गुरुग्राम डिपो में वित्तीय गड़बड़ी का बड़ा मामला सामने आया है। यात्रियों से किराया लेने के बावजूद टिकट जारी न करने के आरोप में एक परिचालक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

यह कार्रवाई अचानक जांच के दौरान उजागर हुए करीब 2600 रुपये के गबन के मामले में की गई है।
धौला कुआं पर जांच में खुलासा
यह घटना 21 अप्रैल सुबह की बताई जा रही है। गुरुग्राम डिपो की बस पटौदी से मुरादाबाद के लिए रवाना हुई थी। जब बस धौला कुआं के पास पहुंची, तो यातायात प्रबंधक और महाप्रबंधक की संयुक्त टीम ने उसे जांच के लिए रोका। जांच के दौरान टीम ने सभी यात्रियों के टिकट चेक किए, जिसमें सामने आया कि:
- 10 से अधिक यात्रियों के पास टिकट नहीं थी
- यात्रियों ने बताया कि उन्होंने किराया कंडक्टर को दे दिया था
कंडक्टर ने पैसे लिए, टिकट नहीं दी
पूछताछ में पता चला कि परिचालक जयभगवान ने यात्रियों से पैसे लेने के बावजूद उन्हें टिकट जारी नहीं की।
जांच में कुल 2600 रुपये के गबन की पुष्टि हुई, जो गुरुग्राम डिपो में अब तक का बड़ा मामला माना जा रहा है। इससे पहले ऐसे मामलों में आमतौर पर 200–500 रुपये तक की ही हेराफेरी सामने आती थी।
तुरंत सस्पेंशन, सख्त संदेश
मामले की गंभीरता को देखते हुए गुरुग्राम डिपो की महाप्रबंधक गायत्री अहलावत ने आरोपी परिचालक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
आदेश में स्पष्ट किया गया है कि:
- वित्तीय धोखाधड़ी और गबन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा
- विभाग में पारदर्शिता बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है
निलंबन के दौरान सख्त शर्तें
निलंबन अवधि में:
- आरोपी का मुख्यालय गुरुग्राम ही रहेगा
- बिना अनुमति मुख्यालय छोड़ने की इजाजत नहीं होगी
- केवल निर्वाह भत्ता ही दिया जाएगा
आगे भी जारी रहेगी जांच
रोडवेज अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि:
- बसों में ऐसे औचक निरीक्षण आगे भी जारी रहेंगे
- भ्रष्टाचार पर सख्त कार्रवाई की जाएगी
