पुलिस उपायुक्त यातायात डॉ. राजेश मोहन (IPS) ने आज यातायात पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों की एक अहम बैठक ली। इस बैठक में ट्रैफिक व्यवस्था को और बेहतर करने, अनुशासन बनाए रखने और जनसहयोग को बढ़ाने पर जोर दिया गया।

बैठक में सहायक पुलिस आयुक्त (यातायात मुख्यालय हाईवे) सत्यपाल यादव (HPS), सहायक पुलिस आयुक्त संजय कुमार (HPS), सहायक पुलिस आयुक्त (यातायात पश्चिम प्रथम) जय सिंह (HPS), रोड सेफ्टी इंस्पेक्टर संदीप कुमार सहित अन्य यातायात अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
कैमरा जोन में केवल डिजिटल चालान होंगे
डीसीपी ट्रैफिक डॉ. राजेश मोहन ने स्पष्ट किया कि डीजीपी ओ.पी. सिंह (IPS) के आदेशों के तहत अब जिन स्थानों पर कैमरों के माध्यम से चालान किए जाते हैं, वहां पुलिसकर्मी व्यक्तिगत रूप से चालान नहीं करेंगे।
इन स्थानों पर अब केवल कैमरा सिस्टम के जरिए ही चालान जारी किए जाएंगे।
उन्होंने यह भी कहा कि जहां कैमरे नहीं लगे हैं या किसी तकनीकी कारण से कैमरे काम नहीं कर रहे हैं, वहीं पर पुलिसकर्मी व्यक्तिगत रूप से चालान कर सकेंगे।
शराब पीकर वाहन चलाने वालों पर सख्त निगरानी
डीसीपी ने निर्देश दिया कि ड्रंक एंड ड्राइव के मामलों में नियमित रूप से नाके लगाकर चालान किए जाएं।
सभी यातायात निरीक्षक और जोनल अधिकारी अपने क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था और वर्दी की अनुशासनता का विशेष ध्यान रखें।
साथ ही, उन्होंने कहा कि ट्रैफिक मार्शल्स की ट्रेनिंग TEC सेंटर में कराई जाएगी, ताकि ट्रैफिक प्रबंधन को और मजबूत किया जा सके।
जीरो टॉलरेंस नीति के तहत सख्त कार्रवाई
डीसीपी यातायात ने बताया कि ड्रंक एंड ड्राइव, बिना नंबर प्लेट, ट्रिपल राइडिंग, लेन उल्लंघन और बुलेट पटाखा जैसे मामलों में जीरो टॉलरेंस नीति अपनाई जाएगी।
इसके अलावा, जिन डंपरों की नंबर प्लेट पर मिट्टी या ग्रीस लगी रहती है, उनके खिलाफ भी MV ACT 1988 के तहत सख्त कार्रवाई होगी।
सड़क हादसों की रोकथाम के लिए रिफ्लेक्टिव टेप जरूरी
रात के समय सड़क हादसों की रोकथाम के लिए उन्होंने निर्देश दिए कि डंपर, ट्रैक्टर-ट्रॉली और भारी वाहनों पर रिफ्लेक्टिव टेप लगाई जाए ताकि ये दूर से स्पष्ट दिखाई दें।
आमजन के साथ विनम्र व्यवहार पर जोर
बैठक के अंत में डीसीपी डॉ. राजेश मोहन ने कहा कि सभी यातायात पुलिसकर्मी आम नागरिकों के साथ विनम्रता और शालीनता से व्यवहार करें।
उन्होंने कहा कि यह जरूरी है कि गुरुग्राम पुलिस की छवि जनता के बीच और मजबूत व सम्मानजनक बने।
साथ ही, अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि वे अपने क्षेत्रों में ट्रैफिक मूवमेंट को सुचारू रखें, ताकि वाहन चालकों को किसी भी प्रकार की दिक्कत न हो।
