दीवाली पर घर में मिठाई लाने की तैयारी है, तो जरा ठहरिए! जिस मिठाई को आप खुशी-खुशी अपने परिवार के लिए खरीदने जा रहे हैं, उसकी गुणवत्ता कहीं आपकी सेहत के लिए खतरा तो नहीं बन रही? त्योहार से पहले सोहना में मिलावटखोरों का बड़ा खेल सामने आया है। यहां मुख्यमंत्री उड़नदस्ता और खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने दो गोदामों पर छापेमारी करी।

क्या-क्या बरामद हुआ
खाद्य सुरक्षा विभाग की संयुक्त टीम ने दो गोदामों पर छापेमारी की जहाँ करीब 1100 किलोग्राम खोवा और मिल्क केक बरामद किया है। हैरानी की बात यह है कि जांच के दौरान करीब 600 किलो खोवा और मिल्क केक दूषित और घटिया गुणवत्ता का पाया गया, जिसे टीम ने मौके पर ही जमीन में दबाकर नष्ट कर दिया। दो गोदामों में चल रही थी मिठाई तैयार करने की तैयारी।
कहाँ पर हुई छापे मारी
पहली कार्रवाई सोहना के पलवल मार्ग स्थित हंस एन्क्लेव कॉलोनी में की गई। यहां रामरती पत्नी बदलूराम के मिठाई गोदाम पर टीम ने छापा मारा। जैसे ही अधिकारियों की टीम गोदाम में पहुंची, वहां काम कर रहे मजदूर काम छोड़कर मौके से भाग निकले। जब टीम ने गोदाम की जांच की तो करीब पौने तीन क्विंटल मिल्क केक और तीन क्विंटल खोवा मिला। बताया जा रहा है कि इन खाद्य पदार्थों को बाजार में बिक्री के लिए तैयार किया जा रहा था। आशंका है कि दीवाली से पहले इन्हें बाजार में सप्लाई किया जाना था। टीम ने मौके से सूखा पैकेट बंद दूध और सूजी के नमूने भी लिए हैं, जिन्हें जांच के लिए लैब भेजा जाएगा।
दूसरे गोदाम में मिला 500 किलो खोवा
इसके बाद संयुक्त टीम ने सोहना के वार्ड नंबर 15 स्थित हेम स्वीट्स के गोदाम पर छापेमारी की। यहां करीब 500 किलोग्राम खोवा बरामद हुआ। टीम ने इसके भी सैंपल लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए हैं।
खाद्य सुरक्षा विभाग की दो टूक चेतावनी
खाद्य सुरक्षा विभाग के डॉ. मनोज कुमार ने बताया कि दूषित पाए गए खोवे और मिल्क केक को जमीन में दबाकर नष्ट कराया गया है। अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने जांच के लिए भेजे गए हैं। उन्होंने साफ कहा कि बाजार में नकली और मिलावटी मिठाइयों की बिक्री नहीं होने दी जाएगी। इस पूरी कार्रवाई में मुख्यमंत्री उड़नदस्ता के उपनिरीक्षक नरेंद्र सिंह, खाद्य सुरक्षा विभाग के डॉ. मनोज कुमार समेत अन्य कर्मचारी शामिल रहे।
