गुड़गांव के लाखों वाहन चालकों के लिए बड़ी खुशखबरी है। जल्द ही शहर और आसपास के कई बड़े टोल प्लाजा पूरी तरह बैरियर फ्री होने जा रहे हैं। यानी अब टोल पर लंबी लाइन, जाम और बार-बार रुकने की झंझट खत्म हो जाएगी। वाहन सीधे 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से टोल पार कर सकेंगे।

सबसे पहले गुरुग्राम-सोहना हाईवे पर बने घामड़ोज टोल प्लाजा, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के हिलालपुर टोल प्लाजा और द्वारका एक्सप्रेसवे के बिजवासन टोल प्लाजा पर यह हाईटेक सिस्टम लागू किया जाएगा। एनएचएआई ने इसके लिए तैयारी तेज कर दी है।
बिना रुके कट जाएगा टोल
नई व्यवस्था में टोल प्लाजा पर किसी तरह का बैरियर नहीं होगा। लेन में लगे कैमरे और सेंसर वाहन के फास्टैग को स्कैन करेंगे और टोल अपने आप कट जाएगा। इससे वाहन चालकों को रुकना नहीं पड़ेगा और सफर पहले से काफी तेज हो जाएगा।
अगर किसी वाहन का फास्टैग रिचार्ज नहीं होगा तब भी उसे रोका नहीं जाएगा। वाहन मालिक को बाद में ई-नोटिस भेजा जाएगा और 72 घंटे के भीतर टोल जमा करने का मौका मिलेगा।

यदि तय समय में भुगतान नहीं किया गया तो दोगुना टोल देना होगा। यानी 100 रुपये के टोल पर 200 रुपये जमा कराने होंगे। लगातार भुगतान नहीं करने पर फास्टैग ब्लॉक भी किया जा सकता है।
खेड़कीदौला टोल भी होगा शिफ्ट
खेड़कीदौला टोल प्लाजा को पचगांव इलाके में शिफ्ट करने की योजना पर भी काम चल रहा है। खास बात यह है कि नया टोल प्लाजा शुरुआत से ही बैरियर फ्री सिस्टम के तहत बनाया जाएगा।
पूरे देश में बदलने वाला है टोल सिस्टम
दरअसल, केंद्र सरकार अगले एक साल में देशभर के सभी एनएचएआई टोल प्लाजा को बैरियर फ्री बनाने की तैयारी में है। देश में इस समय करीब 1200 टोल प्लाजा हैं, जिनमें से 150 के लिए टेंडर जारी किए जा चुके हैं।
गुजरात और दिल्ली में इस सिस्टम की शुरुआत भी हो चुकी है। सरकार का दावा है कि इससे टोल प्लाजा पर लगने वाला ट्रैफिक जाम खत्म होगा, ईंधन की बचत होगी और प्रदूषण भी कम होगा।
केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्यमंत्री Harsh Malhotra के अनुसार, बैरियर फ्री सिस्टम लागू होने के बाद वाहन एक सेकंड के लिए भी नहीं रुकेंगे और सफर पहले से ज्यादा आसान हो जाएगा।
