गुरुग्राम। तेजी से फैलते गुरुग्राम शहर को बेहतर प्रशासनिक व्यवस्था देने की दिशा में नगर निगम बड़ा कदम उठाने जा रहा है। शहर में बढ़ती आबादी, नए शामिल हुए क्षेत्रों और बढ़ते विकास कार्यों को देखते हुए नगर निगम गुरुग्राम (एमसीजी) ने मौजूदा चार जोनों की जगह आठ जोन बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। निगम ने इसके लिए नया जोनल नक्शा और 36 वार्डों का प्रारंभिक बंटवारा भी तैयार कर लिया है। हालांकि अंतिम फैसला अभी निगम की बैठक में लिया जाना बाकी है।

नगर निगम के गठन के बाद यह पहली बार होगा जब जोनल व्यवस्था में इतना बड़ा बदलाव किया जाएगा। अधिकारियों का मानना है कि जोनों की संख्या बढ़ने से प्रशासनिक निगरानी मजबूत होगी और नागरिकों की शिकायतों का निस्तारण पहले से कहीं अधिक तेजी से किया जा सकेगा।
क्यों जरूरी पड़ा बदलाव?
पिछले डेढ़ दशक में गुरुग्राम का विस्तार कई गुना बढ़ चुका है। शहर का क्षेत्रफल बढ़ने के साथ आबादी भी तेजी से बढ़ी है। नई कॉलोनियां, सेक्टर और गांव निगम क्षेत्र में शामिल हुए हैं, जिससे मौजूदा चार जोनों पर काम का दबाव लगातार बढ़ रहा है।
इसी को देखते हुए निगम प्रशासन ने जोनों की संख्या दोगुनी करने का प्रस्ताव तैयार किया है। नए प्रस्ताव के तहत 36 वार्डों को आठ जोनों में बांटा जाएगा ताकि हर क्षेत्र पर अधिकारियों की बेहतर निगरानी रह सके।
आठ जोन, आठ अधिकारी
फिलहाल चार जोनों की जिम्मेदारी चार संयुक्त आयुक्त स्तर के अधिकारियों के पास है। नई व्यवस्था लागू होने के बाद आठों जोनों के लिए अलग-अलग संयुक्त आयुक्त या अतिरिक्त निगमायुक्त स्तर के अधिकारियों की तैनाती की जाएगी।
निगम अधिकारियों का कहना है कि छोटे जोन होने से क्षेत्रीय समस्याओं पर तुरंत कार्रवाई संभव होगी और विकास कार्यों की मॉनिटरिंग भी अधिक प्रभावी तरीके से हो सकेगी।
सफाई, सीवर और अतिक्रमण पर फोकस
नई जोनल व्यवस्था का सबसे बड़ा फायदा सफाई व्यवस्था, सीवर और जल निकासी, अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई और विकास परियोजनाओं की निगरानी में देखने को मिलेगा। अधिकारियों के अनुसार जोन छोटे होने से जवाबदेही बढ़ेगी और शिकायतों के समाधान में लगने वाला समय कम होगा।
अभी अंतिम मंजूरी बाकी
नगर निगम ने नए जोनों और वार्डों का प्रारूप तैयार कर लिया है, लेकिन इसे लागू करने से पहले निगम स्तर पर अंतिम मंजूरी ली जाएगी। मंजूरी मिलने के बाद नई जोनल व्यवस्था को चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा।
एक नजर में
- निगम क्षेत्र में कुल 36 वार्ड हैं।
- नगर निगम का क्षेत्रफल 311.60 वर्ग किलोमीटर है।
- वर्तमान में 4 जोन कार्यरत हैं।
- प्रस्ताव के तहत जोनों की संख्या बढ़ाकर 8 की जाएगी।
मेयर बोलीं – शहर की जरूरत के अनुसार लिया जा रहा फैसला
गुरुग्राम की मेयर राजरानी मल्होत्रा ने कहा कि गुरुग्राम अब एक साधारण शहर नहीं बल्कि तेजी से विकसित होता महानगर बन चुका है। आबादी और क्षेत्रफल में लगातार वृद्धि हो रही है। ऐसे में लोगों को बेहतर सुविधाएं और त्वरित सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए नगर निगम को चार की बजाय आठ जोनों में बांटने की तैयारी की जा रही है।
