गुरुग्राम शहर के नाइट लाइफ हब सेक्टर-29 स्थित पारा क्लब एक बार फिर विवादों में आ गया है। एक कस्टमर ने क्लब के बाउंसरों पर मारपीट और बदसलूकी के गंभीर आरोप लगाए हैं। मामले में सेक्टर-29 थाना पुलिस ने शिकायत के आधार पर FIR दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

क्या है पूरा मामला?
शिकायतकर्ता हर्षित बहीरवानी, जो डीएलएफ फेज-3 के निवासी हैं, ने पुलिस को बताया कि वह 2 मई को पारा क्लब गए थे। उनके अनुसार, उनके पास मौजूद नकदी को देखकर क्लब स्टाफ की नीयत बदल गई।
हर्षित का आरोप है कि जब उन्होंने अपने पैसे सुरक्षित रखने की कोशिश की, तो करीब 5-6 लोगों ने उनके साथ हाथापाई की और मारपीट की।
क्लब से जबरन बाहर निकालने और धमकी का आरोप
पीड़ित ने आरोप लगाया कि विवाद के बाद उसे जबरन क्लब से बाहर निकाल दिया गया। साथ ही बाउंसरों ने धमकी दी कि अगर उसने पुलिस में शिकायत की, तो उस पर झूठे आरोप लगा दिए जाएंगे।

इसके अलावा, शिकायत में क्लब में कथित अनैतिक गतिविधियों और निर्धारित समय के बाद भी संचालन करने के आरोप भी लगाए गए हैं।
CCTV फुटेज आया सामने
इस पूरे मामले का एक CCTV वीडियो भी सामने आया है। वीडियो में शिकायतकर्ता काउंटर पर बहस करते हुए दिखाई दे रहा है। वह गुस्से में बिल फाड़कर मैनेजर की ओर फेंकता नजर आता है।
इसके बाद बाउंसर उसे वहां से दूर ले जाते हैं, जहां दोनों पक्षों के बीच फिर से बहस और कथित हाथापाई होती है।
पुलिस जांच में क्या सामने आया?
जांच अधिकारी के अनुसार, अब तक की जांच और CCTV फुटेज के आधार पर 80 हजार रुपये की लूट या छीना-झपटी की पुष्टि नहीं हुई है।
हालांकि यह जरूर सामने आया है कि:
- क्लब स्टाफ और कस्टमर के बीच हाथापाई हुई
- क्लब निर्धारित समय के बाद भी संचालित किया जा रहा था
इन दोनों पहलुओं पर पुलिस जांच कर रही है।
मेडिकल और उच्च स्तर पर शिकायत
पुलिस ने पीड़ित का नागरिक अस्पताल में मेडिकल कराया है। वहीं, पीड़ित ने इस मामले की शिकायत मुख्यमंत्री कार्यालय और डीजीपी को भी भेजी है, जिसमें क्लब के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और सील करने की मांग की गई है।
क्लब मैनेजमेंट का क्या कहना है?
पारा क्लब के मालिक जोगेंद्र ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि शिकायतकर्ता उनका नियमित ग्राहक है।
उनके अनुसार:
- सुबह क्लब बंद हो चुका था, इसलिए शराब सर्व नहीं की गई
- इसी बात पर ग्राहक नाराज हो गया
- किसी तरह की मारपीट नहीं हुई
- ग्राहक नशे में था, इसलिए उसे बाहर तक छोड़ दिया गया
उन्होंने यह भी कहा कि अब दोनों पक्षों के बीच गलतफहमी दूर हो चुकी है।
जांच जारी, सच सामने आना बाकी
फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है। CCTV फुटेज, गवाहों और दोनों पक्षों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
