गुरुग्राम में घर से कारोबार करने वालों सावधान! HSVP ने शुरू की सख्त कार्रवाई

गुरुग्राम शहर के रिहायशी सेक्टरों में घर को दुकान, ऑफिस या अन्य व्यावसायिक काम के लिए इस्तेमाल करने वालों की अब मुश्किलें बढ़ने वाली हैं। हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (HSVP) ने ऐसे मकान मालिकों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। रिहायशी इलाकों में नियमों के खिलाफ चल रही व्यावसायिक गतिविधियों की पहचान के लिए HSVP की टीमें लगातार सर्वे कर रही हैं।

घर में क्लीनिक से लेकर ऑफिस तक, सबकी जांच
HSVP की सर्वे टीमों को रिहायशी सेक्टरों में कई तरह की व्यावसायिक गतिविधियां मिली हैं। अब तक करीब 500 मकान मालिकों को कारण बताओ और जब्ती से जुड़े नोटिस जारी किए जा चुके हैं। इनमें बिना अनुमति चल रहे क्लीनिक, ऑफिस, पीजी, दुकान, बुटीक और अन्य कारोबारी गतिविधियां शामिल हैं। संपदा कार्यालय-1 के क्षेत्र में भी सर्वे के दौरान करीब 100 मकान मालिकों को नोटिस दिए गए हैं। अधिकारियों की ओर से नियमों का उल्लंघन करने वालों से जवाब मांगा जा रहा है।

निर्माणाधीन मकान भी रडार पर
कार्रवाई सिर्फ तैयार मकानों तक सीमित नहीं है। सर्वे टीम निर्माणाधीन घरों की भी जांच कर रही है। खासतौर पर यह देखा जा रहा है कि निर्माण स्वीकृत नक्शे के अनुसार हो रहा है या नहीं और तय फ्लोर एरिया रेशियो से ज्यादा निर्माण तो नहीं किया जा रहा। नियमों से बाहर निर्माण मिलने पर काम रोकने के निर्देश दिए जा रहे हैं। साथ ही अतिरिक्त निर्माण को हटाने की चेतावनी भी दी जा रही है।

सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बढ़ी सख्ती
रिहायशी क्षेत्रों में अवैध व्यावसायिक गतिविधियों को लेकर 22 सितंबर के सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद HSVP और प्रशासन ने कार्रवाई तेज की है। अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि नोटिस के बावजूद अगर मकान मालिक नियमों का उल्लंघन जारी रखते हैं और अवैध व्यावसायिक गतिविधियां बंद नहीं करते, तो उनके खिलाफ और कड़ी कार्रवाई की जा सकती है।

इसमें मकान का आवंटन रद्द करने तक का कदम शामिल है। ऐसे में रिहायशी सेक्टरों में घर के अंदर कारोबार चलाने वाले मकान मालिकों पर अब HSVP की नजर है और आने वाले दिनों में कार्रवाई का दायरा और बढ़ सकता है।

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