गुरुग्राम में पानी का बिल लंबे समय से जमा नहीं करना अब भारी पड़ सकता है। नगर निगम ने बकाया पानी के बिलों की वसूली और अवैध कनेक्शनों के खिलाफ कार्रवाई तेज कर दी है। निगम की विशेष टीमें अब अलग-अलग इलाकों में पहुंचकर पानी के कनेक्शन और बिलों का रिकॉर्ड खंगाल रही हैं। इसी अभियान के तहत नगर निगम की टीम ने सेक्टर-18 और सेक्टर-35 के औद्योगिक क्षेत्रों में कार्रवाई की। जांच के दौरान कई ऐसे औद्योगिक पानी के कनेक्शन मिले, जिनका लंबे समय से बिल बकाया था। इसके बाद निगम ने कई कनेक्शन काट दिए।

नगर निगम के अनुसार कार्रवाई की जद में ऐसे कनेक्शन भी आए, जिन पर करीब 5 लाख रुपये, 14 लाख रुपये और इससे भी ज्यादा की पानी के बिल की बकाया राशि थी। निगम की टीम अब ऐसे उपभोक्ताओं की पहचान कर रही है, जिन्होंने लंबे समय से बिल का भुगतान नहीं किया है। अधिकारियों का कहना है कि बकाया राशि जमा नहीं करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
अवैध पानी कनेक्शन भी निशाने पर
सिर्फ बकाया बिल ही नहीं, बल्कि बिना वैध मंजूरी चल रहे पानी के कनेक्शन भी नगर निगम के निशाने पर हैं। निगम ने साफ किया है कि जिन लोगों या संस्थानों के पानी के कनेक्शन वैध नहीं हैं, उन्हें निर्धारित प्रक्रिया के तहत नियमित करवाना होगा। ऐसा नहीं करने पर कनेक्शन काटने की कार्रवाई की जा सकती है।
अब पानी का कनेक्शन PID से लिंक कराना जरूरी
नगर निगम ने पानी के उपभोक्ताओं से अपने पानी के कनेक्शन को प्रॉपर्टी आईडी (PID) से लिंक करवाने की अपील की है। निगम का कहना है कि पानी के कनेक्शन, बिल और प्रॉपर्टी आईडी से जुड़े रिकॉर्ड को पोर्टल पर अपडेट रखना जरूरी है। इससे बिलिंग व्यवस्था को व्यवस्थित करने और बकाया राशि की सही पहचान करने में मदद मिलेगी।
गुरुग्राम में अब बढ़ेगी जांच
नगर निगम ने दो विशेष टीमों का गठन किया है, जो अलग-अलग इलाकों में पानी के कनेक्शनों और संबंधित रिकॉर्ड की जांच कर रही हैं। आने वाले दिनों में यह कार्रवाई दूसरे क्षेत्रों में भी देखने को मिल सकती है। यानी अगर आपके पानी के बिल में पुराना बकाया है या पानी का कनेक्शन अभी तक वैध नहीं कराया गया है, तो निगम की टीम की कार्रवाई से पहले अपना रिकॉर्ड जरूर जांच लें।
