गुरुग्राम के पॉश इलाके सिविल लाइन में उस वक्त हड़कंप मच गया। जब एक युवक अचानक बीच सड़क पर जोर-जोर से चिल्लाने लगा मुझे गोली मार देंगे। युवक की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग घबरा गए और कुछ ही देर में मौके पर बड़ी संख्या में भीड़ जमा हो गई। मामला इतना गंभीर लग रहा था कि लोगों को आशंका होने लगी कि कहीं युवक के साथ कोई बड़ी वारदात तो नहीं हुई है।

लड़की के पीछे छिपता रहा युवक
इस पूरे मामले में सबसे ज्यादा हैरान करने वाली बात यह थी कि युवक के साथ एक लड़की भी मौजूद थी। युवक काफी डरा हुआ दिखाई दे रहा था और बार-बार खुद को बचाने के लिए लड़की के पीछे छिपने की कोशिश कर रहा था।
बताया गया कि वह काफी देर तक लड़की को अपनी बाहों में पकड़े सड़क पर बैठा रहा। युवक लगातार अपनी जान को खतरा बताते हुए चिल्ला रहा था। उसकी हालत देखकर लड़की भी काफी घबरा गई। मौके पर मौजूद लोगों को समझ नहीं आ रहा था कि आखिर युवक किससे डर रहा है और उसे किससे खतरा है।
पुलिस पहुंची, लेकिन युवक का डर नहीं हुआ कम
लोगों ने तुरंत पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। जानकारी मिलते ही सिविल लाइन थाना पुलिस और PCR टीम मौके पर पहुंची। पुलिस ने युवक को शांत कराने और सुरक्षित तरीके से समझाने की कोशिश की लेकिन युवक का डर कम नहीं हुआ। पुलिसकर्मियों के सामने भी वह लगातार यही कहता रहा कि कोई उसे मार देगा और उसकी जान खतरे में है। इसके बाद पुलिस ने युवक के साथ मौजूद लड़की से भी जानकारी लेने की कोशिश की।
लड़की ने उसके घरवालों को किया फोन
जब काफी कोशिशों के बाद भी युवक शांत नहीं हुआ तो लड़की ने उसके मोबाइल फोन से उसके परिजनों को कॉल किया। उसने परिवार को पूरी घटना के बारे में बताया और उन्हें तुरंत गुरुग्राम बुलाया। कुछ ही समय बाद युवक के परिजन दिल्ली के उत्तम नगर से सिविल लाइन पहुंचे।
परिजनों ने पुलिस को बताया कि युवक की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है और उसका इलाज चल रहा है। परिवार के मुताबिक, युवक घर से किसी काम के सिलसिले में गुरुग्राम आने की बात कहकर निकला था लेकिन रास्ते में अचानक उसकी हालत बिगड़ गई। इसके बाद उसे ऐसा लगने लगा कि कोई उसकी जान लेने की कोशिश कर रहा है।
मेडिकल दस्तावेज देखने के बाद पुलिस ने परिजनों को सौंपा
मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने युवक के परिजनों से पूछताछ की। परिवार की ओर से युवक के इलाज से जुड़े दस्तावेज और मेडिकल हिस्ट्री भी पुलिस को दिखाई गई। सिविल लाइन थाना प्रभारी सुखबीर सिंह ने बताया कि पुलिस को युवक द्वारा सड़क पर हंगामा करने और अपनी जान को खतरा होने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची।
जांच में सामने आया कि युवक दिल्ली का रहने वाला है और उसकी मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। परिजनों के दस्तावेज देखने और पूरी स्थिति समझने के बाद पुलिस ने जरूरी कार्रवाई पूरी की और युवक को सुरक्षित उसके माता-पिता और परिजनों के सुपुर्द कर दिया। करीब दो से तीन घंटे तक चले इस हाईवोल्टेज ड्रामे के बाद आखिरकार स्थिति सामान्य हुई और इलाके में फैली दहशत खत्म हुई।
